खास खबर जमालपुर मुंगेर

दो पहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनना अनिवार्य : रामाशंकर, जिलों के डीएम, एसपी , बीडीओ और थानाध्यक्ष तक को हेलमेट जांच की दी गई जिम्मेदारी,

844 Views
दो पहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनना अनिवार्य : रामाशंकर,
जिलों के डीएम, एसपी , बीडीओ और थानाध्यक्ष तक को हेलमेट जांच की दी गई जिम्मेदारी,
जमालपुर / मुंगेर ।
वाहन चालकों को अब ड्राइविंग लाइसेंस तथा वाहन से संबंधित अन्य दस्तावेजों की मूल प्रति साथ लेकर चलने की जरूरत नहीं होगी। वाहन चालक इन दस्तावेजों को डिजिलॉकर एप या एम-परिवहन एप में डाउनलोड कर सकते हैं जिन्हें उन्हें पूरी तरह वैध माना जाएगा। उक्त बातें मुंगेर जिला परिवहन पदाधिकारी रामाशंकर ने कही। उन्होंने कहा कि सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने ड्राइविंग लाइसेंस,पंजीकरण प्रमाण पत्र तथा परिवहन संबंधी अन्य दस्तावेज इलेक्ट्रॉनिक रूप में स्वीकार करने के लिए विस्तृत मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी कर दी है। केंद्रीय मोटर वाहन नियमों में संशोधन के बाद पंजीकरण प्रमाण पत्र, बीमा, फिटनेस तथा परमिट, ड्राइविंग लाइसेंस, प्रदूषण प्रमाण पत्र और अन्य प्रासंगिक दस्तावेजों की मूल प्रति को वाहन चालकों के लिए अनिवार्य किया गया था। उन्होंने बताया कि राज्य परिवहन विभाग ने दो पहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनना अनिवार्य करने के लिए विशेष अभियान चलाने का आदेश दिया है। बिहार के सभी जिलों के डीएम,एसपी से लेकर बीडीओ और थानाध्यक्ष तक को हेलमेट जांच की जिम्मेदारी दी है। अब प्रत्येक दिन डीटीओ एवं एमवीआइ एक घंटा हेलमेट चेकिंग करेंगे। शहर में आए दिन होनेवाले मोटरसाइकिल दुर्घटना में कमी लाने के लिए सरकार चिंतित है। शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र,जमालपुर थाना,नया रामनगर थाना,बरियारपुर थाना सहित पूरबसराय ओपी, सफियाबाद ओपी इलाके में पुलिस द्वारा रोजाना दो पहिया वाहन चालकों के कागजात सहित हेलमेट की जांच की जाती है।
एप में डाउनलोड दस्तावेज ही होंगे मान्य:-
उन्होंने बताया कि सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम 2000 के प्रावधानों के अनुसार मूल दस्तावेजों को इलेक्ट्रॉनिक दस्तावेजों के एम-परिवहन एप पर उपलब्ध हैं। इन दस्तावेजों को एप में डाउनलोड करने के बाद इन्हें मान्य माना जाएगा। एम-परिवहन मोबाइल एप सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय द्वारा एनआईसी के माध्यम से उपलब्ध कराया जा रहा है। ड्राइविंग लाइसेंस/वाहन से संबंधित पंजीकरण संख्या मोबाइल एप में इंटर करने पर वास्तविक समय में आरसी, डीएल, फिटनेस वैधता, बीमा वैधता और परमिट वैधता की विस्तृत जानकारी उपलब्ध होगी। नए वाहनों के बीमा तथा वाहन बीमा के नवीकरण से संबंधित डाटा ई-चालान एप पर केवल नियम लागू करने वाले अधिकारियों को ही उपलब्ध होंगे।
एजेंसियां ई-चालान एप से कर सकती हैं सत्यापन:-
उन्होंने बताया कि मंत्रालय द्वारा जारी एसओपी के अनुसार कोई व्यक्ति डिजिलॉकर एप या एम-परिवहन एप के जरिए दस्तावेजों और अन्य सूचनाओं को अधिकारी को दिखा सकता है। इन एप के माध्यम से ड्राइविंग लाइसेंस और पंजीकरण प्रमाण पत्र डाउनलोड किए जा सकते हैं और मोबाइल उपकरणों में संरक्षित रखे जा सकते हैं। इंटरनेट कनेक्टिविटी से एम-परिवहन एप के माध्यम से ड्राइविंग लाइसेंस और वाहन से संबंधित जानकारी देखी जा सकती है।नियम लागू करने वाली एजेंसियां साथ-साथ ई-चालान के माध्यम से ब्यौरा देख सकती हैं।ई-चालान एप में वाहन तथा लाइसेंस की स्थिति का ऑनलाइन सत्यापन करने के लिए डाटा होता है।इस प्लेटफार्म पर एम-परिवहन क्यूआर कोड का ऑफलाइन सत्यापन भी उपलब्ध है।इसके लिए सामान्य एंड्रायड मोबाइल एप का इस्तेमाल किया जा सकता है।
मूल दस्तावेज साथ लेकर चलने की जरूरत नहीं :-
उन्होंने बताया कि इससे नियम लागू करने वाली एजेंसियों को भी आसानी होगी क्योंकि उन्हें भौतिक रूप से किसी दस्तावेज को नहीं देखना पड़ेगा और उनके कार्यालयों को कोई रिकार्ड रखने की आवश्यकता नहीं होगी।इसके अलावा नागरिकों को भी अपने साथ मूल दस्तावेज लेकर चलने की जरूरत नहीं होगी। इससे पारदर्शी और उत्तरदायी प्रणाली से वाहन तथा यातायात अधिकारियों और नागरिकों को उल्लंघन की ताजा स्थिति की जानकारी भी मिलेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *